गुग्गुल के फायदे और नुकसान - Guggul Benefits and Side Effects in Hindi

गुग्गुल के फायदे और नुकसान (Guggul Benefits and Side Effects in Hindi, Guggul ke Fayde aur Nuksaan in Hindi): आयुर्वेद के अनुसार गुग्गुल कड़वा, तीखा तथा गर्म है। साथ ही, यह कफ और वात का नाश करनेवाला है। इन गुणों के कारण गुग्गल को बहुत से रोगों में अचूक दवा माना जाता है। ( और पढ़े - जड़ी बूटी के फायदे )

गुग्गुल के फायदे - Guggul ke Fayde in Hindi

  • गुग्गुल कब्ज़ को ठीक करता है।
  • गुग्गुल जोड़ो के दर्द को ठीक करता है।
  • गुग्गुल से गंजेपन से छुटकारा मिलता है।
  • गुग्गुल कोलेस्ट्रॉल का स्तर कम करता है।
  • गुग्गुल शरीर से फोड़े फुंसी और चकत्ते दूर करता है।
  • गुग्गुल खट्टे डकार ठीक करता है।
  • गुग्गल मोटापे को कम करता है।
  • गुग्गुल शरीर से सूजन और दर्द ठीक करता है।
  • गुग्गल गर्भाशय समबन्धी रोगो से छुटकारा दिलाता है।

गुग्गुल के गुण और लाभ केवल यहीं तक सीमित नहीं हैं। हैरानी की बात ये है कि 1.5 से 2 मीटर तक की ऊँचाई वाले इस कंटीले पौधे से बहुत सी बीमारियाँ ठीक होती हैं। संस्कृत में गुग्गुल का अर्थ है ‘बीमारियों से रक्षा करनेवाला’। राजस्थान और गुजरात में उगने वाले इस पौधे के तने व शाखाओं से मुलायम गोंद प्राप्त होता है, जोकि गुग्गुल कहलाता है। अनेक गुणों से भरपूर गुग्गुल के नाम भी अनेक हैं - बंगाल और गुजरात में गुग्गल, हिंदी में गुग्गुल, मराठी में गुग्ग्ला और मलयालम में गुलगुलु। हलके पीले रंग का यह गोंद बीमारियों को दूर करने की खान है। इसका उपयोग गठिया, बवासीर, दमा, पथरी, छाले, मूत्र व तंत्रिका सम्बन्धी रोगों के उपचार में किया जाता है। इसके अलावा, यकृत (liver) की समस्याएँ, ट्यूमर (tumor), अल्सर (ulcer) व अन्य फोड़े, सूजन एवं दौरों के अलावा ह्रदय के टॉनिक (tonic) के तौर पर भी इसकी भूमिका प्रभावी है। आईये जानते हैं गुग्गल से कुछ बीमारियों के अचूक इलाज ।

1. गुग्गुल के फायदे - Guggul Ke Fayde in Hindi

2. गुग्गुल का उपयोग पूजा में - Guggul For Pooja in Hindi
3. गुग्गुल के नुकसान - Guggul Ke Nuksan in Hindi

गुग्गुल के फायदे - Guggul ke Fayde in Hindi

गुग्गुल का उपयोग मोटापे के लिए - Guggul benefits for Weight Loss in Hindi

  • मोटापा इस दौर की बड़ी समस्या है। मोटापे के कारण अनगिनत लोग जोड़ों के दर्द (joint pains), मधुमेह (diabetes), ह्रदयरोग (heart problems), हाइपरटेंशन (hypertension),  कोलेस्ट्रोल बढ़ना (cholesterol) जैसे रोगों से पीड़ित हो रहे हैं। आयुर्वेद के अनुसार वात, पित्त और कफ के बिगड़ने से व्यक्ति मोटापे की चपेट में फँस जाता है।
  • गुग्गुल का सेवन नियमित रूप से करने से मोटापा आसानी से कम होता है। यह हाइपोलिपिडेमिक (hypolipidemic) है, इसलिए इससे शरीर से अनावश्यक फैट (fat) कम होता है और इससे मेटाबोलिज्म (metabolism) भी तेज़ होता है जिससे मोटापा दूर करने में मदद मिलती है। 
  • 1 गिलास गर्म पानी में 1-2 ग्राम गुग्गुल मिलाकर, दिन में 3 बार गुग्गुल का सेवन करें।

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गुग्गुल के फायदे से थायराइड की समस्या से पाएँ निजात - Guggul Benefits for Thyroid in hindi

  • थायराइड को साइलेंट किलर (silent killer) भी माना जाता है क्योंकि इसके शुरूआती लक्षण पकड़ में नहीं आते। अनियमित खान-पान, तनाव, भोजन में आयोडीन (Iodine) की कमी, होर्मोन्स (hormones) में परिवर्तन आदि इस समस्या के कुछ प्रमुख कारण हैं।
  • थायराइड गले की ऐसी ग्रंथि है जिसमें थायरोक्सिन (Thyroxine) नामक हॉर्मोन (hormone) बनता है। इस हॉर्मोन (hormone) का संतुलन बिगड़ने पर थायराइड रोग होता है। थायराइड ग्रंथि शरीर के मेटाबोलिज्म (metabolism) को नियंत्रण (control) में रखती है यानि भोजन को उर्जा में बदलने का काम करती है। यूँ तो थायराइड को दूर करने के अनेक उपाय हैं, पर गुग्गुल से इलाज इस समस्या के लिए रामबाण है। गुग्गुल का सेवन थायराइड ग्रंथि में आयोडीन को खपाने में मदद करता है।    
  • 25 ग्राम गुग्गुल दिन में 3 बार 1 गिलास पानी के साथ रोज़ लें और थायराइड की समस्या से पाएँ छुटकारा।

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गुग्गुल के गुण से करे जोड़ों के दर्द का इलाज - Guggul benefits for Joint Pain in hindi 

  • जोड़ों के दर्द के कारण रोगी का उठना-बैठना, चलना-फिरना सब मुश्किल होता जाता है। ज्यादातर, शरीर की हड्डियों में यूरिक एसिड (Uric acid) के जमा होने से जोड़ों में दर्द की स्थिति बनती है। रोग के बढ़ने पर जोड़ों में गांठें बन जाती हैं जिससे दर्द असहनीय बन जाता है। 
  • गुग्गुल सूजन हटाने में प्रभावशाली है। इसलिए गुग्गुल के उपयोग से  जोड़ों के दर्द के कारण पैदा हुई सूजन और लालिमा कम होती है। जोड़ों के दर्द के मूल कारण, मेटाबोलिज्म (metabolism) में गड़बड़ी में गुग्गुल सुधार करता है। इस तरह गुग्गुल के सेवन से जोड़ों के दर्द में राहत मिलती है। 
  • 3 ग्राम गुग्गुल को 10 ग्राम घी और 3 ग्राम शहद में मिलाकर इसका दिन में 1 बार सेवन करें।        
  • 10 ग्राम गुग्गुल और 20 ग्राम गुड़ मिलाकर पीस लें और इनकी छोटी-छोटी गोलियाँ बना लें। दिन में 1 गोली थोड़े-से घी के साथ सुबह शाम सेवन करने से जोड़ों के दर्द में काफी आराम मिलेगा।

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गुग्गुल के सेवन से करें एक्ने का इलाज - Guggul ke Fayde for Acne in Hindi  

  • शरीर में होर्मोन्स (hormones) बढ़ने से चेहरे पर अधिक मात्रा में तेल निकलता है।  इस तेल में गंदगी मिलने पर त्वचा के छेद बंद हो जाते हैं, जिससे इन्फेक्शन (infection) हो जात़ा है और चेहरे पर पिम्पल्स (pimples) या एक्ने (acne) की समस्या होती है।  तनाव, अनियमित आहार और साफ़-सफाई  की कमी एक्ने के मुख्य कारण हैं। 
  • गुग्गुल का फायदा लेकर एक्ने की समस्या से आसानी से राहत पाई जा सकती है। 
  • एक्ने से राहत पाने के लिए सुबह-शाम 1-2 चम्मच गुग्गुल पानी के साथ लें।

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गुग्गुल के गुण करें कोलेस्ट्रोल को कम - Health Benefits of Guggul for Cholesterol in Hindi  

  • गुग्गुल से बुरा कोलेस्ट्रोल (bad cholesterol -LDL) और ट्राईगिलिसराइड्स (triglycerides) कम होते हैं और अच्छे कोलेस्ट्रोल (good cholesterol) यानि (HDL) का लेवल (level) बढ़ता है। गुग्गुल के उपयोग से खून साफ़  होता है और शरीर से विषैले पदार्थ निकलने में मदद मिलती है। इसके साथ ही गुग्गुल खून को पतला करता है, जिससे कोलेस्ट्रोल कम होने  और दिल से जुड़े रोगों को ठीक होने में सहायता मिलती है।
  • एक ग्राम गुग्गुल को 1-2 बूंद चूने के रस और थोड़े शहद के साथ मिलाकर सुबह खाली पेट लेने से लाभ मिलता है।

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गुग्गुल के लाभ हैं गठिया में उपयोगी - Guggul Benefits for Arthritis in Hindi 

  • आयुर्वेद में गठिया के लिए गुग्गुल को एक भरोसेमंद उपचार माना जाता है। गठिया से होने वाली सूजन और लालिमा को कम करने में गुग्गल अत्यंत उपयोगी है। गुग्गुल के सेवन से शरीर का मेटाबोलिज्म (metabolism) ठीक होता है। गुग्गुल में मौजूद एंटीओक्सीडेंट्स (antioxidants) जोड़ों की सूजन दूर करते हैं, जो गठिया का बुनियादी कारण है। 
  • 1 चम्मच गुग्गुल भोजन के साथ दिन में तीन बार लें। 

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गुग्गुल के गुण निखारें त्वचा - Guggul ke Fayde for Skin in Hindi

  • गुग्गुल त्वचा-सम्बन्धी समस्याओं के लिए बहुत उपयोगी है। इसके सूजनरोधी (anti-inflammatory) गुण खून साफ़ करते हैं और फोड़े, फुंसियों और चकत्ते इत्यादि समस्याओं से राहत देते हैं। गुग्गुल से इलाज करने पर त्वचा की चिकनाहट और सूजन-सम्बन्धी समस्याएँ कम होती हैं। 
  • साथ ही, गुग्गुल में मौजूद एंटी-ओक्सीडेंट्स (anti-oxidants) फ्री रेडिकल्स (free radicals) को बनने से रोकते हैं, शरीर चुस्त-तंदुरुस्त करते हैं, जिससे नीरस बेजान त्वचा में चमक आती है और यूथफुल (youthful) दिखने लगती है। 
  • गुग्गुल टाइप 1 कोलैजन (Type 1 Collagen) ले लेवल (level) को भी बढ़ाता है, जिससे त्वचा की कोशिकाओं (cells) को ताकत मिलती है और चेहरे की झुर्रियाँ घटने लगती हैं। इसलिए गुग्गुल एंटी-एजिंग (anti-aging) और एंटी-रिंकल (anti-wrinkle) भी माना जाता है। त्वचा को नुकसान पहुँचाने वाले एनज़ाइम्स (enzymes) को बढ़ने से रोकता है गुग्गुल, जिसके कारण त्वचा में निखार आता है।

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गुग्गुल है घावों और अल्सर समस्याओं का उपाय - Guggal for wound and ulcer in hindi 

  • प्रभावित क्षेत्र पर गुग्गुल को नारियल के तेल में मिलाकर लगाएँ। 
  • त्वचा सम्बन्धी समस्याओं के समाधान के लिए – गुनगुने पानी के साथ सुबह शाम 1 चम्मच गुग्गुल का सेवन करें।

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गुग्गुल से इलाज करे मधुमेह का - Health Benefits Guggul for Diabetes in Hindi

  • आयुर्वेद में मधुमेह के इलाज के लिए गुग्गुल का उपयोग बहुत लाभकारी है। गुग्गुल खून में ग्लूकोज़ (glucose) और लिपिड (lipid) की मात्रा को कम करने में मदद करता है और रक्त शर्करा (blood sugar) को नियंत्रित रखता है।  
  • इसके साथ ही गुग्गुल का फायदा यह भी है कि इससे कोलेस्ट्रोल (cholesterol) भी कम होता है, जिससे अधिकतर मधुमेह रोगी परेशान रहते हैं। 
  • 5-10 ग्राम गुग्गुल रोजाना दिन में 2-3 बार लें।

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गुग्गुल के फायदे पाचन क्रिया सुधारने के लिए – Guggul benefits for Digestion in hindi 

  • गुग्गुल के सेवन से भूख बढ़ती है और पाचन क्रिया में सुधार होता है। यह पेट फूलने, उदर-वायु और अपच जैसी पाचन से जुड़ी समस्याओं में भी राहत देता है। इससे लीवर (liver) की कार्यप्रणाली (function) में  सुधार होता है और उसमें से विषैले पदार्थों को निकलने में मदद मिलती  है। बवासीर, कब्ज़ और आँतों में  पैरासाइट्स (parasites) से बचाव में गुग्गुल से इलाज कारगर है। 
  • पाचन समस्याओं के लिए – एक चम्मच गुग्गुल पाउडर (powder) को एक घंटा पानी में मिलाकर रखें। एक घंटे बाद इसे छानकर पिएँ।
  • पुराना कब्ज़ दूर करने के लिए – एक चम्मच गुग्गुल पाउडर (powder) को एक चम्मच त्रिफला पाउडर (trifla powder) के साथ ले|

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गुग्गुल का उपयोग दे मुँह की समस्याओं से राहत – Guggul benefits for Oral Problems in hindi

  • मुँह से सम्बंधित समस्याओं के लिए गुग्गुल के गुण बहुत लाभकारी होते हैं। कमज़ोर मसूड़ों, मुँह के छालों, जलन, घाव और पायरिया (Pyorrhea) में गुग्गुल बहुत फायदेमंद है। गुग्गुल में मौजूद एस्त्रिन्जेंट (astringent) और एंटीसेप्टिक (antiseptic) गुणों के कारण मुँह का स्वास्थ्य ठीक रहता है। 
  • 1 ग्राम गुग्गुल को एक गिलास गर्म पानी में घोलकर गरारे करें  या माउथ वाश (mouth wash) की तरह प्रयोग करें।

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गुग्गुल के फायदे से पाएँ स्तंभन दोष में राहत - Guggul Benefits for Erectile Dysfunction in Hindi 

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गुग्गुल से पीसीओएस का शर्तिया इलाज - Guggul for PCOS in Hindi

  • गुग्गुल के इलाज से पीसीओएस की समस्या दूर की जा सकती है। पीसीओएस यानि पोलिसिस्टिक ओवेरियन सिंड्रोम (Polycystic Ovarian Syndrome)  अकसर किशोरावस्था से लेकर मीनोपॉज़ (menopause) तक प्रभावित करता है। इस समस्या में महिलाओं के अंडाशय (ovaries) में ज़रूरत से ज्यादा टेस्टोस्टेरोन (testosterone) बनने लगता है, जिसके कारण अंडाणु (eggs) अपना रूप बदलकर सिस्ट (cyst) बन जाते हैं। ये सिस्ट (cyst) थैली के आकार की होती हैं जिनके भीतर तरल पदार्थ होता है। पीसीओएस होने पर ऐसे बहुत सारी सिस्ट अंडाशय में एकत्रित हो जाती हैं। इस स्थिति में महिलाओं को गर्भ-धारण करने में परेशानी होती है। यह सिस्ट (cyst) आगे चलकर कैंसर (cancer) में भी परिवर्तित हो सकती है, इसलिए इसका तुरंत उपचार करना अनिवार्य है। 
  • आयुर्वेद के अनुसार पीसीओएस के उपचार में गुग्गुल बहुत उपयोगी है। कंचानार गुग्गुल के सेवन से इस समस्या का समाधान किया जा सकता है। 
  • महिलाओं में बांझपन, पीसीओएस या फिर मासिक धर्म से जुड़े अन्य विकारों के लिए गुग्गुल के गुण लाभकारी हैं।
  • पीसीओएस के लिए कंचानार गुग्गुल की गोलियाँ सरलता से उपलब्ध हैं। इनका दिन में दो बार सेवन करें और इस बीमारी से छुटकारा पाएँ।

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गुग्गुल का उपयोग पूजा में - Guggul for Pooja in hindi

  • सदियों से गुग्गुल का उपयोग पूजा के लिए किया जाता है। पूजा के समय गुग्गुल को जलाने पर यह पूरे वातावरण को सुगन्धित कर देता है। इसकी सुगंध से नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है, दिल और दिमाग शांत होता है और घर में कलह-क्लेश का नाश होता है। 
  • हफ्ते में एक बार गाय के उपले पर गुग्गुल रखकर जलाएँ और इसे पूरे घर में फैलाएँ। 
  • अक्सर पूजा और आरती के मौके पर आपने गुग्गुल की धूप या गुग्गुल जलते हुए देखा होगा या फिर इसके बारे में सुना होगा। ऐसे समय पर गुग्गुल जलाना, सदियों से भारतीय परंपरा में शामिल है। पर यह केवल एक परंपरा नहीं है। ऐसा माना जाता है कि गुग्गुल की महक से भगवान प्रसन्न होते हैं और इसको जलाने से ही पूजा संपन्न होती है। साथ ही, गुग्गुल को जलाने से घर के हर कोने से न केवल नकारात्मकता ख़त्म होती है, बल्कि वातावरण भी शुद्ध होता है। यह दिल और दिमाग को भी शांत करता है।

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गुग्गुल के नुकसान - Guggul ke Nuksan in Hindi

गुग्गुल के नुकसान - Side Effects of Guggul in Hindi

  • यूँ तो अनेक रोगों में लोग गुग्गुल का फायदा उठाते हैं, पर कुछ ख़ास परिस्थितियों में गुग्गुल के कुछ नुकसान भी हैं जैसे गर्भावस्था में या फिर रक्तस्त्राव (bleeding) से जुड़ी समस्याओं में। इसके अलावा, ब्रेस्ट कैंसर (breast cancer), ओवेरियन कैंसर (ovarian cancer), यूट्रीन कैंसर (uterine cancer), फायब्राइड्स (fibroids) जैसी स्थितियों में गुग्गुल का प्रयोग मना किया जाता है। गुग्गुल का सेवन सभी के लिए लाभदायक है, पर कुछ ख़ास परिस्थितियों में गुग्गुल के नुकसान भी हैं:
  • गुग्गुल रक्त की क्लॅाटिंग (blood clotting) की गति को धीमा करता है जिससे रक्तस्त्राव (bleeding) से जुड़ी समस्याएं हो सकती हैं।
  • गुग्गुल मासिक धर्म में रक्त के प्रवाह को बढ़ाता है और गर्भाशय को भी उत्तेजित करता है जिससे गर्भावस्था में इसे लेना हानिकारक हो सकता है।
  • गुग्गुल शरीर में एस्ट्रोजन (astrogen) की तरह काम करता है। ब्रेस्ट कैंसर (breast cancer), ओवेरियन कैंसर (ovarium cancer), यूट्रीन कैंसर (uterine cancer), फाईब्रोइड्स (fibroids) जैसी परिस्थितियों में एस्ट्रोजन के कारण परिस्थिति और बिगड़ सकती है। इसलिए ऐसे में गुग्गुल का प्रयोग नहीं करना चाहिए।
  • अधिक मात्रा में गुग्गुल का सेवन सिरदर्द,उल्टी, डायरहिया (diarrhea), हिचकी या दस्त लगने जैसी समस्याओं को उत्तपन्न कर सकता है। ऐसे में लीवर को भी नुक्सान हो सकता है।

( और पढ़े - सर दर्द का घरेलु अचूक इलाज )

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नलिनी, Mar 24, 2018

गुग्गुल जोड़ो के दर्द को ठीक करता है गुग्गुल शरीर से फोड़े फुंसी और चकत्ते दूर करता है गुग्गल गर्भाशय समबन्धी रोगो से छुटकारा दिलाता है गुग्गुल खट्टे डकार ठीक करता है गुग्गुल कोलेस्ट्रॉल का स्तर कम करता है गुग्गुल से गंजेपन से छुटकारा मिलता है गुग्गुल कब्ज़ को ठीक करता है गुग्गुल शरीर से सूजन और दर्द ठीक करता है गुग्गल मोटापे को कम करता है 25 ग्राम गुग्गुल दिन में 3 बार 1 गिलास पानी के साथ रोज़ लें और थायराइड की समस्या से छुटकारा पाएँ|

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